AI Banking Fraud Canada Indian Pakistani Suspects: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल कर कनाडा के बैंकों से धोखाधड़ी करने वाले एक कथित अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा हुआ है। पाकिस्तान के तीन नागरिकों और कनाडा में रहने वाले चार भारतीयों पर फर्जी पासपोर्ट और तस्वीरों के जरिए बैंक खाते खुलवाकर क्रेडिट कार्ड से ठगी करने का आरोप है।
पाकिस्तान की नेशनल साइबर क्राइम इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NCCIA) ने 19 अक्टूबर को लाहौर में गिरफ्तारियों की जानकारी दी। अतिरिक्त निदेशक आतिफ आमिर ने बताया कि एजेंसी लंबे समय से नेटवर्क की गतिविधियों पर नजर रख रही थी।
NCCIA के मुताबिक, पाकिस्तान में पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुभान बट, गुलरेज बट और मुहम्मद नोमान के रूप में हुई है। कनाडा में रहने वाले चार कथित भारतीय सहयोगियों के नाम दीप सिंह, परजीत सिंह, हरप्रीत सिंह और गुरलीन सिंह बताए गए हैं।
जांच एजेंसी के अनुसार, आरोपी असली पहचान संख्या और जन्मतिथि जैसी जानकारियों को फर्जी विवरण से जोड़कर नई पहचान तैयार करते थे। इसे सिंथेटिक आइडेंटिटी फ्रॉड कहा जाता है।
आरोप है कि कनाडा में मौजूद चारों भारतीय AI से नकली पासपोर्ट और तस्वीरें बनाकर पाकिस्तानी सहयोगियों को भेजते थे। इसके बाद पाकिस्तान से कनाडा के प्रमुख बैंकों में ऑनलाइन खाते खोले जाते थे।
पहचान सत्यापन से बचने के लिए कथित तौर पर 'Dolphin Anty' नामक एंटी-डिटेक्ट ब्राउजर इस्तेमाल किया जाता था, जो डिवाइस और ब्राउजर की जानकारी छिपा सकता है।
खाते खुलने के बाद क्रेडिट कार्ड कनाडा में मौजूद सहयोगियों तक पहुंचते थे। आरोपी कथित तौर पर कार्ड की पूरी क्रेडिट लिमिट खर्च करके उन्हें फेंक देते थे। बैंकों को नुकसान की जांच के दौरान फर्जी पहचान का पता चला।
NCCIA ने लाहौर में चार अलग-अलग अभियानों के दौरान विभिन्न साइबर अपराध मामलों में कुल 10 संदिग्धों को गिरफ्तार किया। इनमें कनाडाई पहचान दस्तावेजों की जालसाजी और ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़े तीन आरोपी शामिल हैं। जांचकर्ताओं ने चार मोबाइल फोन, चार लैपटॉप और कथित फर्जी कनाडाई पासपोर्ट की प्रिंटेड प्रतियां बरामद कीं।
पाकिस्तानी अखबार डॉन के मुताबिक, प्रभावित बैंकों के नाम और कुल वित्तीय नुकसान की जानकारी सार्वजनिक नहीं हुई है। कनाडा में चार भारतीय संदिग्धों की गिरफ्तारी या उनके खिलाफ आरोप तय होने की भी पुष्टि नहीं है। पाकिस्तानी जांच एजेंसियां जब्त उपकरणों की जांच कर अन्य सहयोगियों और नेटवर्क के विस्तार का पता लगा रही हैं।
भारत में भी AI आधारित वित्तीय धोखाधड़ी चिंता बढ़ा रही है। मई 2026 में अहमदाबाद में एक गिरोह पर AI वीडियो से आधार सत्यापन पार कर बैंक खाते खोलने और फर्जी ऋण लेने का आरोप लगा था। जून में दिल्ली पुलिस ने पांच संदिग्धों को गिरफ्तार किया था। आरोप था कि उन्होंने मुंबई की एक कंपनी के निदेशक की आवाज क्लोन करके विभिन्न बैंक खातों के जरिए 10 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की थी।
Pakistan Badr Defence Pact: खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान ने तुर्की, कतर…
Tiger Shroff Firing Case Accused: बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ से जुड़े फायरिंग मामले की जांच…
CJP Leaders Saurav Das Ashutosh Ranka Release: कॉकरेच जनता पार्टी (CJP) के नेता सौरव दास…
Parakala Prabhakar Anti SIR Protest: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के पति और अर्थशास्त्री परकला…
Gorakhpur: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में बुधवार शाम दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान बड़ा हादसा…
UP Police Allowance Hike 2026: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने दिवाली से पहले पुलिसकर्मियों…
View Comments