Pawan Singh Court Case: भोजपुरी अभिनेता और बिहार के भाजपा एमएलसी पवन सिंह की परिवार न्यायालय में पेशी एक बार फिर टल गई। बीते दिन वह कोर्ट में हाजिर नहीं हुए। उनके अधिवक्ता ने मां की तबीयत खराब होने का हवाला देते हुए अगली तारीख देने की मांग की। बार-बार गैरहाजिर रहने पर अदालत ने नाराजगी जताई और पवन सिंह पर 3 हजार रुपये का जुर्माना लगा दिया। अब मामले की अगली सुनवाई 12 नवंबर को होगी।
पत्नी ने मांगा 5 लाख रुपये मासिक भरण-पोषण
पवन सिंह और ज्योति सिंह की शादी 6 मार्च 2018 को हुई थी। कुछ समय बाद दोनों के रिश्तों में दरार आ गई। पवन सिंह ने तलाक की अर्जी दी, जबकि ज्योति ने 2022 में भरण-पोषण के लिए परिवार न्यायालय का रुख किया। ज्योति ने ससुराल में उत्पीड़न और गर्भपात कराने का आरोप लगाते हुए हर महीने पांच लाख रुपये देने की मांग की है। उन्होंने दावा किया कि अक्टूबर 2019 से उन्हें खर्च और इलाज के लिए कोई पैसा नहीं मिला। इससे पहले, 5 अक्टूबर को गैरहाजिर रहने पर कोर्ट ने पवन सिंह पर एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया था।
लखनऊ में घर के बाहर रोती दिखी थीं ज्योति
साल 2025 में लखनऊ में ज्योति सिंह को अपने घर के बाहर रोते हुए देखा गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके पति पवन सिंह ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। हालांकि, मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया था कि उस समय कोई आधिकारिक मामला दर्ज नहीं हुआ था। उन्हें चल रही कानूनी कार्यवाही के सिलसिले में पूछताछ के लिए बुलाया गया था।
ज्योति ने पवन सिंह पर लगाए गंभीर आरोप
पुलिस के बार-बार बुलाने के बावजूद ज्योति थाने जाने को तैयार नहीं हुईं। उन्होंने सार्वजनिक रूप से अपमानित करने का आरोप लगाया। पुलिस अधिकारी ने दंपति के बीच चल रही कानूनी कार्रवाई और हत्या के आरोप वाली शिकायत का जिक्र किया, लेकिन ज्योति ने कहा कि उनकी शिकायत सिर्फ भरण-पोषण से जुड़ी थी। उन्होंने पवन सिंह पर बेवफाई का आरोप लगाते हुए दावा किया कि चुनाव के बाद वह उनके सामने ही दूसरी महिला को होटल ले गए थे।
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