CM Samrat Ram Temple Statement: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 साल पूरे होने के मौके पर पटना में बीजेपी ने ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ रंगोली कार्यक्रम आयोजित किया। ज्ञान भवन और ऐतिहासिक गांधी मैदान में हुए इस आयोजन में बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान सम्राट चौधरी के एक बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया।
‘श्रीराम मोदी जी से पूछ रहे थे, हमें घर कब दोगे’
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का एक बयान सोशल मीडिया पर चर्चा में है। पटना में आयोजित ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम करीब 400 वर्षों से टेंट में इंतजार कर रहे थे कि मोदी जी उन्हें घर कब देंगे। सम्राट चौधरी के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार बनने के बाद श्रीराम के लिए मंदिर निर्माण का रास्ता साफ हुआ और इसके लिए मोदी ने निचली अदालत से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक लड़ाई लड़ी। मुख्यमंत्री के इस बयान की चर्चा इसलिए हो रही है, क्योंकि उन्होंने भगवान राम के टेंट में रहने की बात को केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री आवास योजना के संदर्भ से जोड़कर पेश किया।
राम मंदिर पर सम्राट के बयान से विवाद
सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि राम मंदिर बनाना बीजेपी के मूल एजेंडे में नहीं था, लेकिन भगवान राम के टेंट में रहने के कारण पार्टी ने अदालत में लड़ाई लड़ी। उन्होंने कहा कि सभी अदालतों में जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या में भव्य राम मंदिर बनवाया। उनके इस बयान पर सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। कुछ लोगों ने इसे धार्मिक आस्था से जोड़ते हुए आपत्ति जताई और भगवान राम के प्रति अपमानजनक बताया।
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