Sunday, Oct 25

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JDU से निष्कासन के बाद अनंत सिंह के बागी तेवर, बोले- ‘नीतीश कुमार खत्म, पार्टी का कोई भविष्य नहीं’

Anant Singh Expelled From JDU: जनता दल यूनाइटेड (JDU) से निष्कासित होने के एक दिन बाद मोकामा विधायक अनंत सिंह ने पार्टी नेतृत्व पर तीखा हमला बोला। रविवार को पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने दावा किया कि नीतीश कुमार का राजनीतिक दौर खत्म हो चुका है और JDU का अब कोई भविष्य नहीं है। उन्होंने नई राजनीतिक पार्टी बनाने के भी संकेत दिए।

'JDU चुनाव में 10 सीटें भी नहीं जीत पाएगी'

अनंत सिंह ने कहा कि उन्हें निष्कासन का कोई अफसोस नहीं है। उनके मुताबिक, पार्टी नीतीश कुमार ने बनाई थी और उनके बिना इसका कोई अस्तित्व नहीं है। उन्होंने निष्कासन का फैसला लेने वाले नेतृत्व पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि आगामी चुनावों में JDU दस सीटें भी नहीं जीत पाएगी। सिंह ने बताया कि उन्हें पार्टी से निकाले जाने की जानकारी मीडिया से मिली और कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई।

नई पार्टी बनाने के दिए संकेत

दूसरी पार्टी में शामिल होने के सवाल पर सिंह ने कहा, "मैं कहीं क्यों जाऊंगा? अपनी पार्टी बना लूंगा।" उन्होंने कहा कि चुनाव परिणाम JDU को उसके फैसले का असर दिखाएंगे। जनता ही अंतिम फैसला करेगी कि गलती उनकी थी या पार्टी की।

नीतीश कुमार से रिश्ते बरकरार

JDU नेतृत्व की आलोचना के बावजूद सिंह ने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से व्यक्तिगत संबंध अच्छे बताए।

उन्होंने कहा कि दोनों के बीच कोई दूरी नहीं है और वह भविष्य में नीतीश कुमार से मुलाकात भी करेंगे।

अनंत सिंह और पत्नी को छह साल के लिए निकाला

शनिवार को JDU ने अनंत सिंह और उनकी पत्नी, पूर्व विधायक नीलम देवी को पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में छह साल के लिए निष्कासित किया।

प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा के मुताबिक, पार्टी निर्देशों की अवहेलना, शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ अपमानजनक भाषा और विधान परिषद चुनाव में विरोधी उम्मीदवार का प्रचार करने के कारण यह कार्रवाई हुई। सिंह ने जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार अनुज सिंह का समर्थन किया था और JDU एमएलसी नीरज कुमार को हराने की बात कही थी।

उन्होंने 27 अक्टूबर को प्रस्तावित नतीजों से पहले ही अनुज सिंह की जीत का भरोसा जताते हुए कहा था कि वोट दुकान से नहीं खरीदे जा सकते और जनता भगवान समान है। JDU ने संविधान की दसवीं अनुसूची के तहत विधानसभा अध्यक्ष से उनकी विधायक सदस्यता समाप्त करने की सिफारिश भी की है।

मोकामा में अनंत सिंह का राजनीतिक दबदबा

'छोटे सरकार' के नाम से चर्चित अनंत सिंह के परिवार का 1990 से मोकामा सीट पर दबदबा रहा है, हालांकि बीच में एक बार प्रतिद्वंद्वी बाहुबली ने जीत हासिल की थी। UAPA मामले में दोषसिद्धि के बाद सिंह की विधानसभा सदस्यता चली गई थी। उन्होंने 2020 का चुनाव RJD के टिकट पर लड़ा था।

2022 के उपचुनाव में RJD ने नीलम देवी को उम्मीदवार बनाया और परिवार का सीट पर कब्जा बरकरार रहा। 2024 में नीलम देवी कथित तौर पर पति की सहमति से NDA में शामिल हुईं। बाद में अनंत सिंह दोबारा मोकामा से विधायक बने।

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