Mohan Bhagwat Vijayadashami Speech: दुनिया के कई हिस्सों में जारी तनाव के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने भारत की भूमिका को अहम बताया है। विजयादशमी के मौके पर नागपुर में अपने संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि दुनिया की समस्याओं का समाधान भारत के पास है। भागवत ने देश की एकता पर जोर देते हुए कहा कि जब-जब हम बंटे हैं, कमजोर हुए हैं। उन्होंने युवाओं तक पहुंच रही सूचनाओं, सोशल मीडिया और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के लिए नियम बनाने की जरूरत पर भी बात की।
'AI के इस्तेमाल में नैतिकता का ध्यान रखना जरूरी'
मोहन भागवत ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते इस्तेमाल पर कहा कि नई तकनीक को सीखना और उसमें महारत हासिल करना जरूरी है। उन्होंने माना कि AI के कई फायदे हैं, लेकिन इसके इस्तेमाल में नैतिकता का ध्यान रखना भी उतना ही जरूरी है। भागवत ने AI के जरिए फर्जी वीडियो बनाए जाने का जिक्र करते हुए तकनीक के जिम्मेदार इस्तेमाल पर जोर दिया।
'सोशल मीडिया नियमों पर विचार करे सरकार'
मोहन भागवत ने युवाओं के सोशल मीडिया इस्तेमाल को लेकर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि युवा हर चीज सीखना और जानना चाहते हैं, लेकिन कई बार सही और गलत के बीच फर्क किए बिना जानकारी हासिल करते हैं। इसके दुष्परिणामों को देखते हुए कई देशों ने सोशल मीडिया और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के लिए नियम बनाए हैं।
भारत को संगठित और शक्तिशाली बनाने के लिए जरूरी है स्वबोध: भागवत
मोहन भागवत ने कहा कि संघ पिछले 100 वर्षों से देश में स्वबोध जगाने का काम कर रहा है। इसका उद्देश्य भारत की अस्मिता और इतिहास के आधार पर देश को संगठित और शक्तिशाली बनाना है। उन्होंने पंच परिवर्तन की पहल का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें स्वबोध और स्वदेशी को अपनाने पर जोर दिया गया है।
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