Monday, Oct 05

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रेहड़ी-पटरी वालों पर कार्रवाई रोकें, त्योहारों को लेकर NHRC की राज्यों को सलाह

NHRC Street Vendors: आगामी त्योहारों को देखते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जरूरी निर्देश जारी किए हैं। आयोग ने नवरात्रि, दिवाली और छठ पूजा के दौरान स्थानीय वेंडर्स, रेहड़ी-पटरी वालों, फेरीवालों, कुम्हारों और छोटे कारोबारियों के रोजगार और मानवाधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा है।

सामान जब्त करने की शिकायतों पर लिया संज्ञान

एनएचआरसी को अलग-अलग शहरों से शिकायतें मिली थीं कि त्योहारों के दौरान स्थानीय वेंडर्स और फेरीवालों को कथित तौर पर बिना उचित कारण हटाया जाता है। शिकायतों में दुकानों और सामान की जब्ती, जुर्माना लगाने और परेशान करने के आरोप भी शामिल थे। पिछले साल त्योहारों के दौरान NHRC के सदस्य प्रियंक कानूनगो की अध्यक्षता वाली पीठ ने इन शिकायतों का संज्ञान लिया था। आयोग ने संबंधित राज्यों और स्थानीय प्रशासन को आरोपों की जांच कर जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे।

सुरक्षा कारणों से हटाना जरूरी हो तो दें वैकल्पिक जगह

एनएचआरसी ने कहा है कि नवरात्रि, दिवाली और छठ पूजा के दौरान वेंडर्स को अनावश्यक रूप से हटाया न जाए और उन्हें रोजी-रोटी से वंचित न किया जाए। हालांकि, अग्नि सुरक्षा या सार्वजनिक सुरक्षा के कारण किसी जगह को खाली कराना जरूरी हो तो वेंडर्स को उचित वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराया जाए। आयोग ने सामान की मनमानी जब्ती और अनावश्यक कार्रवाई से बचने को कहा है। साथ ही, उत्पीड़न, जबरन वसूली या अनुचित हस्तक्षेप की शिकायतों पर कानून के मुताबिक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

'मुख्य सचिवों से आदेशों का पालन'

‘वोकल फॉर लोकल’ के तहत NHRC ने प्रशासन से स्थानीय वेंडर्स, पारंपरिक व्यवसायों और स्थानीय स्तर पर बने उत्पादों को बढ़ावा देने को कहा है। आयोग ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को निर्देश दिया है कि इन आदेशों की जानकारी जिलाधिकारियों, नगर निकायों, पुलिस और अन्य संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाई जाए। साथ ही, निर्देशों का प्रभावी तरीके से पालन सुनिश्चित करने को भी कहा गया है।

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