Sunday, Oct 25

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संभल में अवैध प्लॉटिंग पर प्रशासन का एक्शन, तीन कॉलोनियों में बुलडोजर से हटाई गई प्लॉटिंग

Sambhal Bulldozer Action: उत्तर प्रदेश के संभल में अवैध रूप से कॉलोनियां विकसित करने वालों के खिलाफ जिला प्रशासन और जिला पंचायत ने कार्रवाई की है। संभल-बहजोई मार्ग पर बेहटा जय सिंह के पास प्लॉटिंग करके तैयार की जा रही तीन कॉलोनियों पर बुलडोजर चलाया गया। प्रशासन के मुताबिक, इनमें से दो कॉलोनियों का लेआउट पास नहीं कराया गया था, जबकि तीसरी कॉलोनी में मंजूर नक्शे से अधिक जमीन पर प्लॉटिंग की जा रही थी।

चेतावनी के बाद भी नहीं माने नियम, प्रशासन ने की कार्रवाई

यह कार्रवाई संभल जिला मुख्यालय से करीब दो किलोमीटर दूर की गई। प्रशासन का कहना है कि बिना जरूरी मंजूरी के कॉलोनी विकसित करने वालों को पहले भी चेतावनी दी गई थी। इसके बावजूद नियमों का पालन नहीं किया गया, जिसके बाद अधिकारियों ने कार्रवाई करने का फैसला लिया। जानकारी मिलने के बाद चंदौसी के एसडीएम आशुतोष तिवारी और जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी आशीष कुमार टीम के साथ मौके पर पहुंचे। टीम अपने साथ बुलडोजर भी लेकर गई थी। अधिकारियों ने कॉलोनियों की प्लॉटिंग से जुड़े लेआउट और मंजूरी के दस्तावेज मांगे, लेकिन मौके पर जरूरी कागजात नहीं मिले। इसके बाद तीनों कॉलोनियों में कार्रवाई करते हुए अवैध प्लॉटिंग को बुलडोजर से हटवाया गया।

दो कॉलोनियों का नक्शा नहीं था पास, तीसरी में भी मिली गड़बड़ी

प्रशासन की जांच में तीनों कॉलोनियों में अलग-अलग तरह की अनियमितताएं सामने आईं। दो कॉलोनियां बिना लेआउट पास कराए विकसित की जा रही थीं। वहीं, तीसरी कॉलोनी का नक्शा मंजूर था, लेकिन वहां स्वीकृत नक्शे से अधिक जमीन पर प्लॉटिंग की गई थी। इस तरह, नक्शा पास होने के बावजूद निर्धारित मंजूरी से बाहर जाकर प्लॉटिंग करना भी कार्रवाई की वजह बना। प्रशासन ने साफ किया कि कॉलोनी विकसित करने से पहले संबंधित नियमों और मंजूरियों का पालन करना जरूरी है।

चार बार चेतावनी देने के बाद हुई कार्रवाई

जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी आशीष कुमार ने बताया कि रियल एस्टेट का काम करने वालों को कॉलोनी विकसित करने से पहले नक्शा और लेआउट पास कराना चाहिए। उनके मुताबिक, बिना मंजूरी के प्लॉटिंग नहीं करने को लेकर संबंधित लोगों को चार बार चेतावनी दी गई थी। इसके बावजूद नियमों का पालन नहीं किया गया। इसके बाद जिला प्रशासन और जिला पंचायत की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। आशीष कुमार ने कहा कि आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी और बिना जरूरी मंजूरी के कॉलोनी विकसित करने वालों के खिलाफ कदम उठाए जाएंगे।

प्लॉट खरीदने से पहले इन दस्तावेजों की करें जांच

संभल में हुई इस कार्रवाई से उन लोगों के लिए भी जरूरी सबक सामने आया है, जो प्लॉट खरीदकर अपना घर बनाने की योजना बना रहे हैं। केवल कम कीमत देखकर जमीन खरीदने का फैसला करना नुकसानदेह हो सकता है। निवेश करने से पहले कॉलोनी के लेआउट और प्लॉट से जुड़े दस्तावेजों की जांच करना जरूरी है। प्लॉट खरीदने से पहले संबंधित विभाग से पता करें कि कॉलोनी का नक्शा और लेआउट मंजूर है या नहीं। इसके साथ ही जमीन के मालिकाना हक और रजिस्ट्री से जुड़े दस्तावेज भी ध्यान से जांचें। जरूरत पड़ने पर किसी जानकार वकील की मदद लें, ताकि भविष्य में कानूनी परेशानी से बचा जा सके।

आगे भी जारी रहेगी प्रशासन की कार्रवाई

संभल प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बिना जरूरी मंजूरी के कॉलोनियां विकसित करने वालों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। तीन कॉलोनियों पर बुलडोजर चलाए जाने की यह कार्रवाई ऐसे लोगों के लिए चेतावनी है, जो निर्धारित नियमों का पालन किए बिना प्लॉटिंग कर रहे हैं। वहीं, प्लॉट खरीदने वालों के लिए भी जरूरी है कि वे पैसा लगाने से पहले सभी संबंधित मंजूरियों और दस्तावेजों की जांच जरूर करें।

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