Agra: उत्तर प्रदेश के आगरा में भारी बारिश के बाद सड़क धंसने की घटना ने शुक्रवार को राजनीतिक रंग ले लिया। कमला नगर क्षेत्र की कर्मयोगी कॉलोनी में सड़क का बड़ा हिस्सा अचानक धंस गया और वहां विशाल गड्ढा बन गया। इसी को लेकर समाजवादी पार्टी नेता नितिन कोहली लकड़ी की सीढ़ी से गड्ढे में उतर गए और सरकार के विकास दावों पर तंज कसा।
गड्ढे में उतरकर किया प्रदर्शन
वायरल वीडियो में कोहली को दो लोगों की मदद से सीढ़ी के जरिए गड्ढे में उतरते देखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि जहां सड़कें बनी हैं, वहां गड्ढे नजर आ रहे हैं। उन्होंने आगरा को ‘ताज नगरी’ के बजाय ‘गड्ढा नगरी’ तक कह दिया।
स्थानीय लोगों ने गड्ढे को ‘पाताल का रास्ता’ बताते हुए निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठाए और मानसून की तैयारियों में लापरवाही का आरोप लगाया। राहत की बात रही कि सड़क धंसने के समय वहां कोई वाहन नहीं था। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर क्षेत्र को घेर दिया और मरम्मत व जांच शुरू की।
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर भी सवाल
आगरा की घटना ऐसे समय हुई है जब नए ₹4,200 करोड़ के कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर भी सवाल उठ रहे हैं। उद्घाटन के करीब तीन सप्ताह बाद कई हिस्सों में दरार, धंसाव और सतह खिसकने की शिकायतें सामने आईं। NHAI ने तीन इंजीनियरों को हटाया, निर्माण कंपनी PNC Infratech के खिलाफ कार्रवाई शुरू की और मरम्मत पूरी होने तक पूरे एक्सप्रेसवे पर टोल वसूली रोक दी।
उन्नाव में पहले 120 मीटर हिस्से में नुकसान सामने आया था, जिसमें करीब 100 मीटर सतह की मरम्मत और 20 मीटर हिस्से का पुनर्निर्माण हुआ। पानी के नीचे की परतों में जाने की आशंका के बाद 300 मीटर हिस्से को दोबारा बनाने का फैसला हुआ। बारिश से अन्य जगहों पर भी कटाव, धंसाव और सतह टूटने की घटनाएं सामने आईं।
ट्रैफिक और सुरक्षा पर चिंता
मरम्मत के चलते कई जगह दोनों दिशाओं का यातायात एक ही कैरिजवे से चलाया जा रहा है। उन्नाव के पास वाहनों को यू-टर्न लेकर कुछ दूरी तक विपरीत दिशा में चलना पड़ रहा है। दोतरफा यातायात वाले हिस्से में भी नुकसान से नए मरम्मत कार्य शुरू हुए हैं। 120 किमी/घंटा की डिजाइन गति वाले एक्सप्रेसवे पर बैरिकेडिंग और डायवर्जन के कारण वाहन धीमे चल रहे हैं, जिससे निर्माण गुणवत्ता और सड़क सुरक्षा पर सवाल और गहरे हो गए हैं।

