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चुनाव से पहले तमिलनाडु में EC ने जारी की फाइनल SIR लिस्ट, इतने वोटर्स के कटे नाम

Tamil Nadu final voter list: तमिलनाडु में विधानसभा चुनावों की तैयारियों के बीच चुनाव आयोग ने एसआईआर की सूची जारी कर दी है। यह सूची चुनाव आयोग की विशेष समीक्षा और सुधार (एसआईआर) प्रक्रिया के बाद तैयार की गई है। अंतिम सूची में 74 लाख से अधिक नाम हटाए गए हैं, जिससे राज्य में कुल मतदाता संख्या 5.67 करोड़ रह गई है। इसके पहले, 27 अक्टूबर 2025 तक मतदाता संख्या 6.41 करोड़ थी।

एसआईआर के बाद जारी सूची में पुरुष मतदाताओं की संख्या 2.7 करोड़, महिलाओं की संख्या 2.8 करोड़ और तृतीय लिंग के 7,617 मतदाता शामिल हैं। इससे स्पष्ट होता है कि तमिलनाडु में मतदाता सूची में महत्वपूर्ण संशोधन हुआ है।

सबस ज्यादा और सबसे कम वोटर्स

तमिलनाडु के चेंगलपट्टू जिले के शोझिंगनल्लूर विधानसभा क्षेत्र में सबसे अधिक 53 लाख मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं हार्बर विधानसभा क्षेत्र में केवल 11 लाख मतदाता हैं। इससे यह पता चलता है कि कुछ क्षेत्रों में मतदाता संख्या अत्यधिक केंद्रित है, जबकि कुछ इलाकों में अपेक्षाकृत कम संख्या है।

नाम हटने पर क्या किया जा सकता है

चुनाव आयोग ने कहा है कि अंतिम सूची जारी होने के बाद कोई भी असंतुष्ट मतदाता अपना नाम जोड़वाने या हटवाने के लिए स्थानीय निर्वाचन अधिकारियों से संपर्क कर सकता है। इसके अलावा, आयोग इस अंतिम सूची को राजनीतिक दलों के साथ साझा करेगा।

लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 24(ए) के तहत, यदि किसी मतदाता को निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी का निर्णय उचित नहीं लगता, तो वह जिला निर्वाचन अधिकारी के पास प्रथम अपील कर सकता है। इसके बाद, अधिनियम की धारा 24(ख) के अनुसार, जिला अधिकारी के निर्णय के खिलाफ मुख्य निर्वाचन अधिकारी के समक्ष दूसरी अपील दायर की जा सकती है।

एसआईआर प्रक्रिया का भारत में इतिहास

भारत में चल रही एसआईआर प्रक्रिया स्वतंत्रता के बाद से मतदाता सूचियों का नौवां संशोधन है। इससे पहले का बड़ा संशोधन 2002 और 2004 के बीच हुआ था। एसआईआर का उद्देश्य मतदाता सूची को अपडेट करना, डुप्लीकेट नाम हटाना और नए पात्र मतदाताओं को जोड़ना है।

हाल ही में इस प्रक्रिया ने देशभर में ध्यान आकर्षित किया है। विशेष रूप से पश्चिम बंगाल में यह प्रक्रिया विवादों में रही। इसके अलावा, पिछले साल जुलाई में बिहार में एसआईआर के दौरान 6.9 मिलियन नाम हटाए गए और 2.15 मिलियन नए नाम जोड़े गए।

तमिलनाडु में जारी अंतिम सूची विधानसभा चुनाव के लिए निर्णायक साबित होगी। इससे न केवल मतदाता संख्या की सटीक जानकारी मिलेगी, बल्कि चुनाव आयोग और राजनीतिक दल चुनाव की योजना बनाने में भी सक्षम होंगे। एसआईआर प्रक्रिया से यह सुनिश्चित होता है कि केवल योग्य और पंजीकृत मतदाता ही मतदान में भाग लें।

Yas Pal

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