Indian Women Hockey Team: भारतीय महिला हॉकी टीम का वर्ल्ड कप में सेमीफाइनल खेलने का सपना टूट गया। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अम्स्टेलवीन में खेला गया मुकाबला 0-0 से ड्रॉ रहा, जबकि भारत को टॉप-4 में जगह बनाने के लिए हर हाल में जीत चाहिए थी। गोल करने में नाकाम रहने के साथ ही भारत का टूर्नामेंट में सफर थम गया, वहीं ऑस्ट्रेलिया बेहतर गोल अंतर के आधार पर सेमीफाइनल में पहुंच गया।
लगातार तीसरे मैच में गोल नहीं कर सका भारत
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 0-0 से ड्रॉ से पहले भारतीय टीम को नीदरलैंड्स के हाथों 0-2 से हार मिली थी, जबकि इंग्लैंड के खिलाफ मुकाबला भी गोलरहित ड्रॉ रहा था। यानी भारत लगातार तीन मैचों में गोल नहीं कर सका। टीम की ओर से आखिरी गोल 18 अगस्त को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ आया था, जब भारत ने 6-1 से शानदार जीत दर्ज की थी।
नीदरलैंड्स की जीत से भारत की उम्मीदें जगीं
भारत के सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीदें नीदरलैंड्स और चीन के मुकाबले पर टिकी थीं। नीदरलैंड्स ने चीन को 4-1 से हराकर भारत के लिए समीकरण आसान कर दिए थे। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जीत भारत को सीधे टॉप-4 में पहुंचा सकती थी, लेकिन मुकाबला 0-0 से ड्रॉ रहने के कारण भारत की उम्मीदें खत्म हो गईं। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ड्रॉ के बाद भारत, ऑस्ट्रेलिया और चीन के खाते में 2-2 अंक रहे। भारत और ऑस्ट्रेलिया का गोल अंतर भी बराबर था, लेकिन ऑस्ट्रेलिया ने दूसरे दौर में अधिक गोल किए थे। इसी आधार पर उसे सेमीफाइनल का टिकट मिला।

