Mohan Bhagwat NEET Protest: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने NEET अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों का समर्थन करते हुए कहा कि Gen Z की शिकायतें वास्तविक हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध-प्रदर्शन संवाद का एक माध्यम है और प्रदर्शन करने वाले युवाओं को राष्ट्रविरोधी नहीं कहा जा सकता।
भागवत ने कहा, "अगर Gen Z विरोध कर रही है तो वे हमारे ही लोग हैं, देश की अगली पीढ़ी हैं। उनके साथ अपनापन और संवाद जरूरी है।"
'Gen Z को चाहिए तार्किक जवाब'
विश्व मांगल्य सभा द्वारा आयोजित 'मदरहुड इन द करंट एरा' कार्यक्रम में भागवत ने कहा कि Gen Z और Gen Alpha अपने सवालों के तार्किक जवाब चाहते हैं। उनके अनुसार शिक्षा कोई व्यावसायिक कारोबार नहीं होनी चाहिए, बल्कि ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए जिससे सभी को शिक्षा उपलब्ध हो सके। उन्होंने समाज से भी शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में योगदान देने की अपील की।
भागवत ने यह भी कहा कि आज के युवा भावनात्मक होते हैं, दूसरों से जल्दी प्रभावित होते हैं और प्रामाणिकता को महत्व देते हैं। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी अधिकार रखने वालों को बराबरी या मित्र की तरह देखती है और सवाल पूछना किशोरावस्था का स्वाभाविक हिस्सा है। परिवारों को टकराव की बजाय संवाद और टीमवर्क को बढ़ावा देना चाहिए। उन्होंने माता-पिता से भी बच्चों को दोष देने के बजाय अपने व्यवहार से उदाहरण पेश करने की अपील की।
लाठीचार्ज पर बोले- 'मेरा भरोसा Gen Z पर'
छात्र प्रदर्शनों के दौरान कथित लाठीचार्ज और पैलेट गन के इस्तेमाल पर पूछे गए सवाल के जवाब में भागवत ने कहा कि उनके पास पूरी जानकारी नहीं है, इसलिए वे किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकते। हालांकि उन्होंने कहा कि यदि किसी एक पक्ष पर भरोसा करना हो तो वह Gen Z पर भरोसा करेंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि किसी भी घटना पर राय बनाने से पहले उसके कारणों और परिस्थितियों को समझना जरूरी है।

