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संसद का मानसून सत्र 21 जुलाई से: सरकार 7 बड़े विधेयक लाएगी, विपक्ष भी घेरने की तैयारी में

Parliament Monsoon Session 2026: संसद का मानसून सत्र सोमवार, 21 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक चलेगा। इस दौरान केंद्र सरकार कम से कम सात महत्वपूर्ण विधेयकों को आगे बढ़ाने की तैयारी में है, जिनमें दो पहले से लंबित (लीगेसी) विधेयक भी शामिल हैं।

सरकार के एजेंडे में ये 7 प्रमुख विधेयक

सूत्रों के अनुसार, सरकार सबसे पहले विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन (FCRA) विधेयक, 2026 और विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान (VBSA) विधेयक, 2025 को प्राथमिकता देगी। VBSA विधेयक 15 दिसंबर 2025 को लोकसभा में पेश किया गया था और फिलहाल संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के पास विचाराधीन है।

इसके अलावा सरकार पांच नए विधेयक भी पेश करने की तैयारी में है। इनमें आयकर (संशोधन) विधेयक, 2026, सुप्रीम कोर्ट (न्यायाधीशों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026, जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक, 2026, राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2026 और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) विकास संशोधन विधेयक, 2026 शामिल हैं।

विपक्ष भी तैयार कर रहा रणनीति

सत्र से पहले 20 जुलाई को सुबह 11 बजे सर्वदलीय बैठक बुलाई गई है, जिसमें सरकार अपना विधायी एजेंडा साझा करेगी, जबकि विपक्ष अपने प्रमुख मुद्दे रखेगा। सत्र के पहले दिन लोकसभा और राज्यसभा में विपक्षी दलों के नेता संयुक्त रणनीति पर चर्चा करेंगे।

कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा है कि यदि परिसीमन विधेयक दोबारा लाया गया तो पार्टी उसका कड़ा विरोध करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पहले आवश्यक दो-तिहाई बहुमत हासिल नहीं कर सकी थी और अब फिर समर्थन जुटाने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस ने VBSA विधेयक, FCRA और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA), 2013 में प्रस्तावित संशोधनों का भी विरोध करने की बात कही है।

हाल के दिनों में कुछ विपक्षी दलों में आंतरिक मतभेद और टूट की घटनाओं के बीच यह सत्र हंगामेदार रहने की संभावना है। विपक्ष NEET-UG पेपर लीक मामले और ऑपरेशन सिंदूर में हताहतों को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बयान का मुद्दा भी संसद में उठाने की तैयारी कर रहा है।

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