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Jaipur News: राजस्थान में एनर्जी ड्रिंक्स पर सरकार की बड़ी कार्रवाई, कई ब्रांड्स और स्टोरेज पर लगाया बैन

Jaipur News: राजस्थान सरकार ने स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए राज्य में बिकने वाली कई प्रमुख एनर्जी ड्रिंक्स के खिलाफ सख्त कदम उठाया है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने भ्रामक प्रचार और स्वास्थ्य संबंधी संभावित जोखिमों को आधार बनाते हुए कई नामी एनर्जी ड्रिंक्स की बिक्री, स्टोरेज और दुकानों पर डिस्प्ले पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के आदेश जारी किए हैं। इसके साथ ही ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी इन उत्पादों की बिक्री बंद कराने के निर्देश दिए गए हैं।

खाद्य सुरक्षा विभाग ने जारी किए सख्त निर्देश

राजस्थान खाद्य सुरक्षा विभाग की आयुक्त टी. शुभमंगला द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि राज्यभर में उन एनर्जी ड्रिंक्स के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, जिनके प्रचार में उपभोक्ताओं को गुमराह करने वाले दावे किए जा रहे हैं। विभाग के अनुसार ऐसे उत्पादों का भंडारण, प्रदर्शन और बिक्री अब प्रतिबंधित रहेगी।

ऑनलाइन बिक्री पर भी लगेगी रोक

सरकार ने केवल ऑफलाइन बाजार ही नहीं, बल्कि ई-कॉमर्स वेबसाइटों और इंस्टेंट डिलीवरी प्लेटफॉर्म को भी आदेश दिया है कि संबंधित एनर्जी ड्रिंक्स की लिस्टिंग और बिक्री तत्काल प्रभाव से बंद करें। साथ ही जिला प्रशासन और खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को बाजारों में विशेष जांच अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।

अभियान में 5 लाख से अधिक कैन जब्त

खाद्य सुरक्षा विभाग के संयुक्त आयुक्त डॉ. विजय प्रकाश शर्मा ने बताया कि राज्यव्यापी अभियान के दौरान अब तक 5 लाख से अधिक एनर्जी ड्रिंक के कैन जब्त किए जा चुके हैं। जांच में कई उत्पादों पर "Energy Drink, Vitalizes Body and Mind" जैसे दावे पाए गए, जिन्हें भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) के नियमों के अनुसार भ्रामक माना गया है।

इन एनर्जी ड्रिंक्स पर लागू हुई रोक

राज्य सरकार ने जिन प्रमुख ब्रांड्स की बिक्री, स्टोरेज और डिस्प्ले पर रोक लगाई है, उनमें शामिल हैं-

Hell Energy
Red Bull
Sting
Monster Energy
Campa Energy
Hell Sugar Free
Hell Classic
Adrenalin Rush

स्वास्थ्य को लेकर विभाग की चेतावनी

खाद्य सुरक्षा विभाग का कहना है कि कई एनर्जी ड्रिंक्स में कैफीन और शुगर की मात्रा सामान्य से अधिक पाई जाती है। इनका अधिक सेवन विशेष रूप से बच्चों, किशोरों और युवाओं के स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि भ्रामक दावों वाले खाद्य उत्पादों की जानकारी तुरंत संबंधित अधिकारियों को दें और ऐसे उत्पादों के सेवन में सावधानी बरतें।

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