Attack on GFS Galaxy: भारत ने रविवार को ओमान तट के पास साइप्रस-ध्वज वाले कंटेनर जहाज GFS Galaxy पर हुए हमले की निंदा की। इस घटना में जहाज पर सवार 11 भारतीयों में से 10 को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि एक भारतीय अब भी लापता है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि भारतीय दूतावास ओमान प्रशासन के साथ मिलकर खोज एवं बचाव अभियान की निगरानी कर रहा है और ओमान सरकार के सहयोग के लिए आभार जताया।
यूके मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) के अनुसार, रविवार तड़के ओमान तट के पास जहाज पर हमला हुआ, जिससे उसमें आग लग गई और चालक दल को लाइफबोट के जरिए जहाज छोड़ना पड़ा। भारत ने बयान में हमले की निंदा करते हुए क्षेत्र में बढ़ते हमलों पर चिंता जताई और तनाव तत्काल कम करने, कूटनीतिक वार्ता पूरी करने तथा अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों में निर्बाध नौवहन और व्यापार बहाल करने की अपील दोहराई।
US-Iran तनाव और होर्मुज संकट
अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे GFS Galaxy पर हमला किया, जिससे इंजन कक्ष को भारी नुकसान पहुंचा और जहाज आगे नहीं बढ़ सका। IRGC ने दावा किया कि जहाज ने अपने सिस्टम बंद कर समुद्री सुरक्षा को खतरे में डाला था और साथ ही होर्मुज जलडमरूमध्य को अगले आदेश तक बंद करने की घोषणा की।
इसके बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर नए हवाई हमलों का आदेश दिया। यह एक सप्ताह में तीसरी अमेरिकी कार्रवाई थी। ईरान के बंदर अब्बास, सीरिक, चाबहार और क़ेश्म द्वीप पर विस्फोटों की खबरें आईं। जवाबी कार्रवाई में IRGC ने ओमान, कुवैत, जॉर्डन और कतर के अल उदैद एयरबेस समेत अमेरिकी ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागने का दावा किया। कुवैत, यूएई और कतर ने अपने-अपने हवाई क्षेत्र में मिसाइल एवं ड्रोन हमलों को रोकने की जानकारी दी।
भारत ने पिछले सप्ताह भी पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव पर चिंता जताते हुए संवाद और कूटनीति पर लौटने की अपील की थी। होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यवधान से भारत के तेल, गैस और उर्वरक आयात प्रभावित हुए हैं। ईरान ने जहाजों को अपनी समुद्री सीमा वाले उत्तरी मार्ग से गुजरने की मांग की है, जबकि अमेरिका और ईरान 17 जून के संघर्षविराम समझौते के तहत जलडमरूमध्य दोबारा खोलने की शर्तों पर भी मतभेद रखते हैं। 28 फरवरी से शुरू हुए संघर्ष में अब तक पश्चिम एशिया में 13 भारतीयों की मौत हो चुकी है।
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