होम = मनोरंजन = श्वेता तिवारी के 93 लाख के फ्लैट वाले दावे पर राजा चौधरी का पलटवार, बोले- ‘बेटी की कस्टडी के बदले नहीं मांगा था घर’

श्वेता तिवारी के 93 लाख के फ्लैट वाले दावे पर राजा चौधरी का पलटवार, बोले- ‘बेटी की कस्टडी के बदले नहीं मांगा था घर’

by | Jul 29, 2026 | मनोरंजन

Shweta Tiwari Raja Chaudhary Divorce: टीवी अभिनेत्री श्वेता तिवारी और उनके पूर्व पति राजा चौधरी के वर्षों पुराने तलाक का विवाद एक बार फिर सुर्खियों में है। श्वेता ने पहले दावा किया था कि 11 साल की बेटी पलक तिवारी की कस्टडी छोड़ने के बदले राजा ने उनसे 93 लाख रुपये का फ्लैट मांगा था। अब सिद्धार्थ कन्नन को दिए इंटरव्यू में राजा ने इस आरोप को खारिज करते हुए अपना पक्ष रखा है।

श्वेता ने क्या कहा था?

श्वेता ने हिंदुस्तान टाइम्स को बताया था कि उनकी लीगल टीम ने राजा और पलक के नाम पर प्रॉपर्टी की जॉइंट ओनरशिप का प्रस्ताव दिया था, लेकिन राजा ने अकेले मालिकाना हक मांगा। उनके अनुसार, राजा ने कहा था कि फ्लैट देने पर वह तलाक के कागजात पर हस्ताक्षर करेंगे और पलक की कस्टडी नहीं मांगेंगे। इसके बाद श्वेता ने 93 लाख रुपये का 1BHK फ्लैट देने की बात कही थी।

राजा ने दी सफाई

राजा ने कहा कि 2007 में अलगाव के बाद मामला फैमिली कोर्ट पहुंचा और 2007 से 2012 के बीच वह हर सुनवाई में पहुंचे, जबकि श्वेता बहुत कम बार आईं। कोर्ट ने उन्हें तय जगह पर पलक से मिलने की अनुमति दी थी, लेकिन उनके मुताबिक श्वेता बेटी को मिलने नहीं लाती थीं। राजा ने बताया कि उस समय कई विवादों और कानूनी मामलों के कारण उन्हें किराए का घर तक नहीं मिल रहा था और वह मानसिक रूप से परेशान थे। उनके अनुसार, विवादित 1BHK फ्लैट उनके पिता ने शादी के समय खरीदा था, डाउन पेमेंट उन्होंने किया था और EMI राजा-श्वेता मिलकर भरते थे। राजा का दावा है कि फ्लैट की कीमत सिर्फ 9 लाख रुपये थी।

उन्होंने कहा कि उन्होंने श्वेता से सिर्फ फ्लैट देने और उन्हें अपनी जिंदगी से निकलकर शांति से रहने देने की बात कही थी, न कि बेटी की कुर्बानी मांगने की। राजा ने यह भी कहा कि उन्होंने अपनी निवेश की हुई शेयर संपत्तियों में अपना अधिकार खुद छोड़ दिया था। अंत में उन्होंने मजाक में कहा कि अगर तीसरी बार शादी हुई तो वह सबसे पहले प्री-नप साइन करेंगे।

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