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इंस्टाग्राम पर दोस्ती, फिर शादी का झांसा देकर करता था यौन उत्पीड़न…केरल में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर गिरफ्तार

केरल के त्रिशूर जिले में पुलिस ने शुक्रवार को एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर यदु गिरीश को कई महिलाओं के साथ यौन उत्पीड़न के आरोप में गिरफ्तार किया। अधिकारियों ने बताया कि गिरीश पर आरोप है कि उसने इंस्टाग्राम के माध्यम से महिलाओं से दोस्ती की और उनका विश्वास जीतकर उन्हें मानसिक और यौन उत्पीड़न का शिकार बनाया।

शिकायत के बाद गिरफ्तारी

अधिकारियों ने बताया कि गिरीश के खिलाफ पहली शिकायत एक महिला ने दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि गिरीश ने सोशल मीडिया पर उसके साथ दोस्ती की, बाद में उसे प्रताड़ित किया और यौन शोषण किया। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की और आरोपी को हिरासत में ले लिया।

अन्य पीड़ितों की पहचान

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरीश इंस्टाग्राम पर कई अकाउंट चलाता था और इससे जुड़े अन्य मामलों की संभावना है। दो अन्य महिलाओं ने भी पुलिस से संपर्क किया और आरोप लगाया कि गिरीश ने उनके साथ भी इसी तरह का धोखा किया। उन्होंने कहा कि गिरीश ने पहले दोस्ती और शादी का वादा किया और फिर उन्हें मानसिक और यौन उत्पीड़न का शिकार बनाया। पुलिस को संदेह है कि और भी पीड़ित हो सकते हैं और उन्होंने अतिरिक्त पीड़ितों की पहचान के लिए जांच जारी रखने की बात कही।

कानूनी कार्रवाई

त्रिशूर पुलिस ने यदु गिरीश के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कई मामले दर्ज किए हैं। आरोपों में धोखाधड़ी, ऑनलाइन यौन उत्पीड़न और महिलाओं के अधिकारों का उल्लंघन शामिल हैं।

कौन कर रहा जांच?

जांच का नेतृत्व त्रिशूर जिला अपराध शाखा की एक टीम कर रही है, जो सहायक पुलिस आयुक्त की देखरेख में काम कर रही है। अधिकारी कह रहे हैं कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच को त्वरित और विस्तृत रूप से किया जा रहा है। पुलिस का मकसद है कि सभी पीड़ितों की पहचान की जाए और गिरीश को न्याय के तहत जिम्मेदार ठहराया जाए।

सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर चिंता

यह घटना सोशल मीडिया के दुरुपयोग और ऑनलाइन धोखाधड़ी की बढ़ती घटनाओं को उजागर करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इंस्टाग्राम और अन्य प्लेटफॉर्म पर युवाओं और महिलाओं को सुरक्षित रहने के लिए सतर्क रहना जरूरी है। सोशल मीडिया पर दोस्ती और विश्वास का गलत इस्तेमाल करने वाले अपराधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई तेजी से की जानी चाहिए।

अगले कदम

पुलिस ने बताया कि आगे की जांच में और महिलाओं के बयान लिए जाएंगे और डिजिटल सबूतों का विश्लेषण किया जाएगा। अधिकारी यह भी सुनिश्चित कर रहे हैं कि आरोपी से संबंधित सभी ऑनलाइन गतिविधियों का पूरी तरह से पता लगाया जाए और न्यायिक प्रक्रिया में सबूत के रूप में प्रस्तुत किया जा सके।

Yas Pal

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