India Pakistan Naval Collision: भारत और पाकिस्तान के बीच समुद्री सीमा को लेकर एक बार फिर तनाव बढ़ता दिख रहा है। पाकिस्तान ने आरोप लगाया है कि उसके विशेष आर्थिक क्षेत्र में भारतीय नौसेना ने कथित तौर पर उकसावे वाली कार्रवाई की। इस मामले में पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने भारतीय उच्चायोग के प्रभारी राजदूत को तलब कर कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
पाकिस्तानी नौसेना के युद्धाभ्यास के दौरान टकराव का आरोप
पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने बुधवार को जारी बयान में आरोप लगाया कि पाकिस्तानी नौसेना के SeaSpark-26 अभ्यास के दौरान एक भारतीय नौसैनिक पोत उसके युद्धपोत के बेहद करीब आया और आक्रामक तरीके से युद्धाभ्यास किया। पाकिस्तान के मुताबिक, इसके बाद दोनों पोतों के बीच संपर्क हुआ। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और सैन्य अभ्यासों की पूर्व सूचना से जुड़े 1991 के भारत-पाकिस्तान द्विपक्षीय समझौते का गंभीर उल्लंघन बताया। पाकिस्तान ने कहा कि ऐसी घटना से क्षेत्र में तनाव बढ़ने का खतरा पैदा हो सकता है।
पाकिस्तान ने भारत से अंतरराष्ट्रीय नियमों के पालन की मांग की
पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि प्रभारी राजदूत के जरिए भारत सरकार तक यह संदेश पहुंचाया गया है कि पाकिस्तान कथित भारतीय कार्रवाई को कड़े शब्दों में खारिज करता है। मंत्रालय ने भारतीय पक्ष से अंतरराष्ट्रीय कानून और दोनों देशों के बीच हुए द्विपक्षीय समझौतों का सख्ती से पालन करने को कहा। खास तौर पर समुद्र में ऐसी घटनाओं को रोकने से जुड़े समझौतों का पालन करने की मांग की गई है।
समुद्र में टकराव को लेकर दोनों देशों ने जताया विरोध
पाकिस्तान के बयान के मुताबिक, नई दिल्ली स्थित पाकिस्तानी उच्चायोग के प्रभारी राजदूत भी भारत के विदेश मंत्रालय के सामने इस मामले को लेकर विरोध दर्ज कराएंगे। वहीं मीडिया सूत्रों के हवाले से बताया कि मंगलवार शाम उत्तरी अरब सागर में पाकिस्तानी नौसेना का एक जहाज भारतीय नौसेना के नियमित निगरानी पर मौजूद युद्धपोत के करीब पहुंचा, जिसके बाद दोनों पोतों में टक्कर हो गई। इस घटना को लेकर बुधवार को नई दिल्ली में पाकिस्तानी उच्चायोग के कार्यवाहक प्रमुख को विदेश मंत्रालय में तलब किया गया था। भारत ने भी इस मामले पर अपना विरोध दर्ज कराया था।

