Shreyasi Singh Jamui Statement: बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से बदसलूकी के वायरल वीडियो मामले पर मंत्री और जमुई विधायक श्रेयसी सिंह के बयान को लेकर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया है. India Today TV से बातचीत में सिंह ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि “मोरल पुलिसिंग ज्यादा सभ्य और शालीन तरीके से की जा सकती है.” उन्होंने कहा कि लड़के और लड़की के साथ जिस तरह से बदसलूकी और दुर्व्यवहार किया गया, वह बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है.
सिंह ने कहा कि लोगों को दूसरों की जीवनशैली पर राय रखने का अधिकार हो सकता है, लेकिन उसे व्यक्त करने का बेहतर तरीका होना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि वीडियो देखकर वह स्तब्ध हैं और समझ नहीं पा रहीं कि स्थानीय समुदाय के लोगों ने दोनों नाबालिगों के साथ ऐसा व्यवहार कैसे किया. उन्होंने जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने के लिए अपनी ओर से कोई कमी न छोड़ने की बात कही.
मुख्य आरोपी गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी नंदन यादव को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया. एक अन्य आरोपी हरे राम यादव भी पकड़ा गया, जिसे मुठभेड़ के दौरान पैर में चोट लगी. मामले में SIT जांच कर रही है.
विपक्ष ने साधा निशाना
जनशक्ति जनता दल प्रमुख तेज प्रताप यादव ने बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें भी बाहर निकलने में असुरक्षित महसूस होता है. उन्होंने कहा कि नाबालिग लड़के-लड़की का साथ जाना उनका निजी मामला है.
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने X पर श्रेयसी सिंह के ‘सभ्य और शालीन मोरल पुलिसिंग’ वाले बयान पर सवाल उठाया. वहीं आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि विधायक नाबालिगों से बदसलूकी के आरोपियों के बचाव में मोरल पुलिसिंग को सही ठहरा रही हैं. पार्टी ने BJP नेताओं पर ऐसे मामलों में आरोपियों का बचाव करने का आरोप भी लगाया.
ये भी पढ़े: हावड़ा में TMC के पूर्व विधायक के पार्टी कार्यालय पर चला बुलडोजर, निगम ने बताया अवैध निर्माण

