Kota Mayor Election: कोटा नगर निगम के मेयर चुनाव में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। भाजपा की प्रत्याशी अनुसुईया गोस्वामी ने चुनाव जीतकर कोटा की नई मेयर का पद हासिल किया। मतदान में उन्हें कुल 65 वोट मिले, जबकि चुनाव से पहले भाजपा के पास करीब 59 वोट होने का अनुमान था।
भाजपा को मिले 6 अतिरिक्त वोट
चुनाव से पहले भाजपा के पास 57 पार्षदों के साथ 2 निर्दलीय पार्षदों का समर्थन माना जा रहा था। इस हिसाब से भाजपा के पक्ष में 59 वोट होने चाहिए थे। हालांकि, मतदान के बाद अनुसुईया गोस्वामी को 65 वोट मिले। यानी उन्हें अनुमानित समर्थन से 6 वोट अधिक मिले।
कांग्रेस के खाते में आए सिर्फ 35 वोट
वहीं कांग्रेस के पास 39 पार्षद और एक निर्दलीय पार्षद का समर्थन बताया गया था। इस लिहाज से कांग्रेस के पास 40 वोट होने चाहिए थे, लेकिन उसके प्रत्याशी को केवल 35 वोट मिले। यानी कांग्रेस को अपने तय आंकड़े से 5 वोट कम मिले।
क्रॉस वोटिंग से बदला चुनावी समीकरण
मतदान के आंकड़ों से साफ है कि कांग्रेस खेमे के कुछ पार्षदों ने पार्टी प्रत्याशी के बजाय भाजपा उम्मीदवार के पक्ष में मतदान किया। इस क्रॉस वोटिंग ने पूरे चुनावी समीकरण को बदल दिया और भाजपा प्रत्याशी अनुसुईया गोस्वामी को जीत दिला दी।
कांग्रेस के सामने अब कार्रवाई की चुनौती
कोटा नगर निगम का यह चुनाव पार्टी के अंदरूनी समीकरणों और क्रॉस वोटिंग के असर को सामने लाता है। अब कांग्रेस की ओर से अपने पार्षदों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है, इस पर नजर रहेगी।
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